दिव्यांगों को अब जरुरत के कार्यो के लिए बार-बार नहीं काटने पड़ेंगे सरकारी  कार्यालयों के चक्कर : ओपी सिंह

0
238
Faridabad Hindustan ab tak/Dinesh Bhardwaj : पुलिस आयुक्त श्री ओपी सिंह ने एक नई शुरुआत करते हुए फरीदाबाद के दिव्यांगजनों को ध्यान में रखते हुए उनकी सुविधा के लिए पुलिस के साथ-साथ अन्य प्रशासनिक विभागों द्वारा दी जा रही सर्विसिस बीट अधिकारियों द्वारा अब उनके घर पर मुहैया करवाई जाएंगी।
पुलिस आयुक्त ने कहा कि दिव्यांगजन भी हमारे समाज का एक अभिन्न अंग है और उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े इसलिए उनका खास ख्याल रखा जाना अति आवश्यक है।
दिव्यांगों को विभिन्न प्रकार के प्रशासनिक कार्यों के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ते हैं जिसकी वजह से उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
कई बार तो एक ही कार्य के लिए सरकारी दफ्तर में कई चक्कर काटने पड़ते हैं जिसकी वजह से उनकी परेशानियां और बढ़ जाती हैं।
श्री सिंह ने कहा कि बीट पुलिस कर्मचारी अपने बीट क्षेत्र में रहने वाले लोगों के बीच रहकर कार्य कर रहे हैं और अपने एरिया के ज्यादातर लोगों को जानते हैं।
अब बीट पुलिसकर्मियों द्वारा उनके एरिया में रहने वाले दिव्यांगजनों, रिकार्ड मो० न० इत्यादी जानकारी एकत्रीत कि जायेगी ताकि जरूरत पड़ने पर उनके घर जाकर उनकी मदद कर सके।   पुलिस से संबंधित सभी सहायता घर बैठे दी जाएंगी
फरीदाबाद पुलिस द्वारा बीट पुलिसकर्मियों के माध्यम से लोगों को विभिन्न सुविधाएं दी जा रही हैं जिसमें पासपोर्ट वेरीफिकेशन, चालान व FIR की कॉपी मुहैया करवाना, मुकदमों में लोगों की सहायता करना, अपने क्षेत्र की छोटी मोटी समस्याओं का निपटारा करवाना, आपसी झगड़ों को सुलझाने में सहायता करना, लोगों को समाज में घटित हो रहे अपराधों के बारे में जागरूक करके उन्हें अपराधों का शिकार होने से बचाना मुख्य हैं।
अब इसी दिशा में एक कदम और आगे बढ़ाते हुए पुलिस आयुक्त ने बीट पुलिसकर्मियों द्वारा उनके बीट क्षेत्र में रहने वाले दिव्यांगजनों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं।
पुलिस प्रशासन के इलावा अब दिव्यांगजनों को अन्य प्रशासनिक विभागों से संबंधित कार्यों के लिए उन्हें घर बैठे मदद दी जाएगी।
दिव्यांगजन अब वोटर आईडी,आधार कार्ड,परिवार पहचान पत्र, बिजली के बिल सहित अन्य प्रशासनिक कार्य भी बीट पुलिस कर्मचारियों की मदद से घर बैठे करवा सकेंगे।
पुलिस आयुक्त की इस मुहिम से जिले के दिव्यांग जनों  को फायदा मिलेगा और उन्हें बार-बार कार्यालयों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलेगी।