जे.सी. बोस विश्वविद्यालय में कोरोना टीकाकरण अभियान का आयोजन

0
166

Faridabad Hindustan ab tak/Dinesh Bhardwaj : 1 अप्रैल। कोरोना वायरस से रोकथाम के लिए कर्मचारियों को कोरोना टीकाकरण में हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद द्वारा आज विश्वविद्यालय परिसर में एक दिवसीय विशेष कोविड-19 टीकाकरण अभियान का आयोजन किया गया। कुलपति प्रो. दिनेश कुमार ने सबसे पहले ‘कोविशील्ड’ वैक्सीन की पहली डोज लेकर टीकाकरण अभियान का शुभारंभ किया तथा कर्मचारियों को टीकाकारण में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित किया। ऑक्सफर्ड-एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन ‘कोविशील्ड’ को देश के सीरम इंस्टिट्यूट द्वारा विकसित किया गया है।
कोविड-19 टीकाकरण अभियान का आयोजन विश्वविद्यालय के स्वास्थ्य केन्द्र द्वारा सिविल अस्पताल फरीदाबाद के संयुक्त तत्वावधान तथा ईएसआईसी अस्पाताल के तकनीकी सहयोग से किया गया था। टीकाकरण अभियान विश्वविद्यालय के चिकित्सा अधिकारी डाॅ. अंकुर शर्मा की देखरेख में संपन्न हुआ। डाॅ. अंकुर गुप्ता ने बताया कि टीकाकरण अभियान में हिस्सा लेने वाले पात्र लोगों को सीरम इंस्टिट्यूट द्वारा विकसित ऑक्सफर्ड-एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन ‘कोविशील्ड’ की पहली डोज दी गई।
इस अवसर पर बोलते हुए कुलपति प्रो. दिनेश कुमार ने कहा कि देश में बनी कोरोना वैक्सीन सुरक्षा मानकों पर सुरक्षित और असरदार है। उन्होंने सभी को निर्भीक होकर टीकाकरण में हिस्सा लेने के लिए आग्रह किया और कहा कि इस टीकाकरण से कोविड संक्रमण के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी और हम इस महामारी से लड़ने में कामयाब होंगे।
चिकित्सा अधिकारी डाॅ. अंकुर शर्मा ने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा 300 लोगों के टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया था तथा इस बात का विशेष ध्यान रखा गया कि केन्द्र सरकार द्वारा वैक्सीन के लिए आयु सीमा को लेकर तय किये गये पात्रता मानदंडों के अनुसार ही ज्यादा से ज्यादा लोगों को इसका लाभ पहुंचे। इस प्रकार, एक दिवसीय अभियान में 200 से ज्यादा पात्र लोगों ने इसका लाभ उठाया। टीकाकरण शिविर में विश्वविद्यालय के नियमित कर्मचारियों के साथ-साथ आउटसोर्सिंग कर्मचारियों एवं उनके परिवार के सदस्यों ने भी वैक्सीन की पहली डोज ली। कोरोना के विरूद्ध टीकाकरण को लेकर सभी में काफी उत्साह देखने का मिला।