प्रोफेसर प्रतिभा चौहान के शानदार संयोजन व संचालन में आयोजित हुई “महिला काव्य मंच” की गोष्ठि 

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Faridabad Hindustan ab tak/Dinesh Bhardwaj : हरियाणा इकाई की फरवरी माह की मासिक गोष्ठी “काव्य धारा” 20 फरवरी संस्थापक नरेश नाज जी, (महिला काव्य मंच) के सान्निध्य में ऑनलाइन आयोजित की  गाई। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमती वंदना “हिना”मलिक जी महासचिव, हरियाणा राज्य (महिला काव्य मंच)ने की । सान्निध्य मिला डॉ दुर्गा सिन्हा “उदार” महासचिव,प्रभारी विदेश (महिला काव्य मंच) तथा डॉ विनीता मेहता सचिव विदेश (महिला काव्य मंच) गुरुग्राम इकाई की अध्यक्ष दीपशिखा श्रीवास्तव ‘दीप’ ने कार्यक्रम से जुड़ कर गरिमा बढ़ाई। संस्थापक श्री नरेश नाज़ जी ने अपनी व्यस्त जीवन दिनचर्या के बावजूद कार्यक्रम में उपस्थिति से गोष्ठी की गरिमा बधाई।
फरीदाबाद इकाई की अध्यक्ष डॉ वंदना शर्मा ने सभी का स्वागत करते हुए कार्यक्रम संचालन की बागडोर इकाई महासचिव, डॉ. प्रतिभा चौहान को सौंपी। कार्यक्रम का शुभारंभ इकाई की उपाध्यक्ष श्रीमती निर्मला शर्मा द्वारा सुमधुर  स्वर मे सरस्वती वंदना से किया गया। ध्येय गीत सचिव डॉ बबिता गर्ग सहर द्वारा सुमधुर स्वर मे प्रस्तुत किया गया। सभी काव्य मनीषियों ने भिन्न भिन्न विषयों पर काव्य प्रस्तुति दी। बसंत ऋतु पर सुंदर गीत प्रस्तुत किए गए। महिला काव्य मंच के लिए नया ध्येय गीत आदरणीय नरेश नाज जी के मधुर कंठ से सुनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। फरीदाबाद इकाई से श्रीमती रेनू भाटी, श्रीमती ऋतु गुप्ता, श्रीमती मधु गुप्ता, श्रीमती निशा गर्ग, डॉ. सरिता अग्रवाल श्रीमती नीलम दुग्गल “नरगिस”बबिता गर्ग, डॉ. प्रतिभा चौहान, श्रीमती निर्मला शर्मा, डॉ वंदना शर्मा, डॉ विनीता मेहता, डॉ दुर्गा सिन्हा उदार जी ने अपनी गरिमामयी प्रस्तुति से भाव विभोर कर दिया। आदरणीय  वंदना हिना मलिक जी ने कहा “मैं अगर ना कहती तो भी क्या जाते तुम। ” दीपशिखा जी ने बसंत को याद करते हुए कहा “चुपचाप दबे पाँव जब तुमने – मेरे दिल पर हौले से दस्तक दी “संस्थापक नरेश नाज़ जी ने महिला काव्य मंच को समर्पित गीत कुछ इस तरह से कहा “ये मकाम हमको प्यारा है”
अंत में कार्यक्रम की संयोजिका डॉ. प्रतिभा चौहान ने आये प्रबुद्ध कलमकारों का आभार व्यक्त किया। जिलाध्यक्ष डॉ वंदना शर्मा के निर्देशन में कार्यक्रम सफल रहा।