समाजसेवी संस्थाओंं ने 1 लाख 62 हज़ार 200 रूपये की धनराशि का दिया राहत कोष में योगदान

0
305
Faridabad Hindustan ab tak/Dinesh Bhardwaj : 17 अप्रैल। हरियाणा कोरोना रिलीफ फण्ड और प्रधानमंत्री राहत कोष में दान देने वालों का हरियाणा के परिवहन मंत्री मूलचन्द शर्मा ने धन्यवाद करके आभार जताया। उन्होंने कहा कि देश पर आई इस विश्व महामारी आपदा में जो व्यक्ति मदद कर रहे है, उनके सहयोग को सरकार हमेशा याद रखेगी। समाजसेवी संस्थाओंं ने शुक्रवार को एक लाख 62 हज़ार 200 रूपये (एक लाख 62 हजार 200 रुपये) की धनराशि हरियाणा सरकार के राहत कोष में दी है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोग कोविड-19 के लाक डाउन के मद्देनजर  कानून का पालन करें। तभी इस विश्व महामारी कोरोना वायरस कोविड-19 की बीमारी को देश से जल्द ही दूर किया जा सकेगा।
परिवहन मंत्री ने कहा इस कि लोगों को शहर-शहर और गांव-गांव में मोबाइल डिस्पेंसरी में लगी हरियाणा रोङवेज की 500 बसों में लोगों की स्वास्थ्य की जांच की जा रही है, ताकि लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें और बीमारी से बचाया जा सके। परिवहन मंत्री मूलचंद शर्मा ने शुक्रवार को सभी ऐसे लोगों का धन्यवाद किया है, जो हरियाणा कोरोना फंड और प्रधानमंत्री राहत कोष में अपनी मेहनत की धनराशि से मदद देकर सरकार के हाथ मजबूत कर रहे हैं। उनका कहना है कि आज लोग अपने जन्मदिन और शादी की सालगिरह पर भी सरकार के कोरोना राहत कोष में राशि देकर देश मे आई आपदा में मदद कर रहे हैं। शुक्रवार को फरीदाबाद इलेक्ट्रिक ट्रेडर्स एसोसिएशन द्वारा 1 लाख 1 हजार की राशि हरियाणा कोरोना रिलीफ कोष में दी गई है। वहीं साईं संदेश संस्था सेक्टर-55 द्वारा भी 51 हजार की राशि देकर सरकार की मदद की है। जबकि सेक्टर- 3 निवासी ओपी गुप्ता ने 51 सौ रुपए अपने बचत खाते से दान दिए और 51 सौ रूपये सुरेश चंद शर्मा निवासी सेक्टर-3 ने भी अपने बचत खाते से कोरोना रिलीफ फण्ड में दान दिए। परिवहन मंत्री मूलचंद ने सभी का धन्यवाद कर आभार जताया है।
वही शहर के कुछ लोगों ने अपनी मेहनत से बचाई हुई रकम में से भी सरकार के कोरोना रिलीफ फण्ड को दान देकर सरकार का हौसला बढ़ाया है, ताकि जल्द ही इस बीमारी को दूर किया जा सके।
इस मौके पर डी सी शर्मा प्रधान इलेक्टिक एसोसिएशन फरीदाबाद, हरपाल सिंह, राजेश नारंग, बृजमोहन गर्ग, मनोज भाटिया, साई संदेश संस्था से ब्रजेश गर्ग, परवीन गर्ग, केडी शर्मा, सीबी बरेजा मुख्य रूप से मौजूद रहे।