श्रीराम कथा की सार्थकता तभी होगी जब हम श्रीराम के आदर्शों पर चलेंगे

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Faridabad Hindustan ab tak/Dinesh Bhardwaj : श्रीराम कथा के रसपान से हर समस्या का समाधान होता है। व्यक्ति को अपने जीवन में एक बार मानस का पाठ जरूर करना चाहिए। भक्त जब दिग्भ्रमित हो जाता है तो भगवान गुरु के रूप में मार्ग दिखाते हैं। संसार में ऐसे बहुत से लोग हुए जिनका भगवत कृपा प्राप्त होने से जीवन बदल गया। समाज में कोई नहीं जो श्रीराम के सौंदर्य से प्रभावित न हो। इंसान की समस्त समस्याओं का समाधान श्रीराम कथा है। इंसान श्रीराम कथा से भव सागर पार कर सकता है। हमारे मन का विकार काम, क्रोध, लोभ ही त्रिपुरासुर है। राम राज्य की संकल्पना उत्तम कार्य व व्यवहार से ही संभव है।
ये बातें सेक्टर 52 दशहरा मैदान में टीम पंडित जी द्वारा आयोजित श्रीराम कथा में कथावाचकों ने कही। बता दें कि एनआईटी फरीदाबाद के विधायक पंडित श्री नीरज शर्मा और कथावाचक श्री हरिमोहन गोस्वामी जी लगातार श्रीराम कथा का वाचन कर रहे हैं। श्रद्धालु इन दोनों कथावाचकों के माध्यम से श्रीराम कथा का श्रवण कर रहे हैं। आठवें दिन असंध के विधायक शमशेर सिंह गोगी कथा स्थल पर पधारें। इनका स्वागत टीम पंडित जी के द्वारा किया गया। कथा व्यास की ओर से भी इन्हें अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया।
असंध (करनाल) से कांग्रेस के विधायक शमशेर सिंह गोगी जी ने श्रीराम कथा के इस भक्तिमय आयोजन के लिए विधायक पंडित नीरज शर्मा को बधाई दी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में जिस तन्मयता के साथ नीरज भाई ने यह कथा कराया है, वह अनुकरणीय है। श्रीराम कथा की सार्थकता तभी होगी जब हम श्रीराम के आदर्शों पर चलेंगे। श्रीराम के परम भक्त भरत जी के आचरण का वर्णन नहीं किया जा सकता क्योंकि भरत जैसा कोई श्रीराम का स्नेही न हुआ और न होगा।